प्रसिद्ध कलाकार अशिम मुखर्जी को बॉलीवुड अभिनेता अरबाज़ ख़ान ने ‘बेस्ट आर्टिस्ट इन झारखंड’ सम्मान से नवाज़ा ।
20 जनवरी 2026 धनबाद के जाने-माने कलाकार एवं कला शिक्षक अशिम मुखर्जी को “बेस्ट आर्टिस्ट इन झारखंड” (Best Artist in Jharkhand) के प्रतिष्ठित सम्मान से सम्मानित किया गया है।
यह सम्मान क्राउन मेरिट इवेंट्स द्वारा आयोजित द चैंपियन बिज़नेस अवॉर्ड समारोह में प्रदान किया गया, जो रैडिसन होटल,जमशेदपुर में आयोजित हुआ।
इस सम्मान को भारतीय अभिनेता एवं फिल्म निर्माता अरबाज़ ख़ान ने प्रदान किया। यह पुरस्कार अशिम मुखर्जी के तीन दशकों से अधिक के कला क्षेत्र में योगदान और झारखंड में फाइन आर्ट्स को बढ़ावा देने के लिए उनके समर्पण को मान्यता देता है।

अशिम मुखर्जी, स्कूल ऑफ फाइन आर्ट्स के संस्थापक हैं और पिछले 30 वर्षों से अधिक समय से वे छात्रों को कला के क्षेत्र में मार्गदर्शन दे रहे हैं। उनके कई शिष्य राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुके हैं, जिससे धनबाद और झारखंड का नाम रोशन हुआ है।असीम मुखर्जी के द्वारा साल 2024 में पेंटिंग्स को यूरोप के स्वीडन में आयोजित चैरिटी आर्ट एक्सपो के तहत एक पुस्तक में प्रकाशित किया। इस पुस्तक में भगवान बिरसा मुंडा, कोयला खदानों में काम करने वाले मजदूरों और रवींद्रनाथ टैगोर सहित उनकी कई महत्वपूर्ण पेंटिंग्स शामिल हैं. इस पुस्तक से होने वाली आय से गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के बच्चों के इलाज में मदद कर रहे हैं जो गंभीर बीमारियों से जूझ रहे हैं और इलाज कराने में असमर्थ हैं।
असीम मुखर्जी वर्तमान में धनबाद के झरिया स्थित बालिका विद्या स्कूल में कला शिक्षक के रूप में कार्यरत हैं, जहां पिछले 10 वर्षों से छात्र-छात्राओं को कला की बारीकियां सिखा रहे हैं।
बीते 20 वर्षों में उन्होंने सैकड़ों पेंटिंग्स का निर्माण किया है, जिनकी सराहना देश ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी हुई है. उनकी कई कृतियाँ अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रदर्शित हो चुकी हैं, जिसके लिए उन्हें सम्मानित भी किया गया है.
कार्यक्रम का एक विशेष आकर्षण वह क्षण रहा जब अशिम मुखर्जी द्वारा स्वयं निर्मित एक हस्तनिर्मित पेंटिंग अरबाज़ ख़ान को भेंट की गई। इस कलाकृति को अरबाज़ ख़ान ने सराहना के साथ स्वीकार किया, जो कला और संस्कृति के सुंदर आदान-प्रदान का प्रतीक बना।
आयोजकों ने अशिम मुखर्जी के कला के प्रति समर्पण, अनुशासन और युवा प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने के प्रयासों की सराहना की। अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी पहचान बना चुके अशिम मुखर्जी के लिए यह सम्मान उनके प्रेरणादायक सफ़र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
